प्रधानमंत्री आवास योजना : पक्का मकान बनने से सुशीला का सपना हुआ पूरा
उत्तर बस्तर कांकेर : प्रधानमंत्री आवास योजना से जिले के गरीब परिवारों का सपना पूरा हो रहा है। ऐसे ही कांकेर की जनकपुर वार्ड क्रमांक-20 निवासी सुशीला बाई यादव का पक्का मकान बनाने का सपना पूरा हुआ और कच्चे मकान में होने वाली परेशानियों से मुक्ति मिली। अब उनका स्वयं का मकान बनाने का सपना पूरा हुआ, अब वे और उनका परिवार पक्के मकान में सुकून से रहते हैं।
यादव ने बताया कि उनके दो बच्चे हैं, उनकी जिम्मेदारी मेरे ऊपर है तथा पति का देहांत हो चुका है। पति की मृत्यु के बाद परिवार की भरण-पोषण करने में कई प्रकार की कठिनाईयों का सामना करना पड़ता था। अपने परिवार का जीवन-यापन के लिए वह प्राईवेट अस्पताल में साफ-सफाई का कार्य करती है, जिससे उसे 6 हजार रूपए प्रतिमाह पारिश्रमिक मिलता है। उन्होंने बताया कि पूर्व में उनका परिवार कच्चे मकान में रहते थे, कच्चे मकान में रहना बहुत ही मुश्किल हो गया था। उनका निवास पहाड़ के पास होने से जीव-जन्तुओ और जंगली जानवरों का खतरा बना रहता था और बरसात के मौसम में छप्पर व दीवारों में रिसाव से पानी भी टपकता था। उन्होंने बताया कि तब नगरपालिका के प्रधानमंत्री आवास वाले सर्वेयर एवं कर्मचारियों द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के बारे में जानकारी दी गई। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के लिए फार्म भरवाकर मेरा आवास स्वीकृत कराया गया। आवास स्वीकृत होने के बाद मकान निर्माण से लेकर पूर्ण होने तक नगरपालिका के अधिकारी एवं कर्मचारियों द्वारा पूर्ण रूप से सहयोग प्रदान किया गया। यादव ने बताया- अब पक्का मकान बन गया है, मकान बनने के बाद मेरे बच्चों की भविष्य की सबसे बड़ी चिंता दूर हो गयी है। मैंने कभी सपने में नही सोचा था कि मैं कभी जीवन में पक्का मकान बना भी पाऊंगी। पक्का आवास बनने से मेरा परिवार बहुत खुश है और सुरक्षित महसूस कर रहे हैं तथा जीवन बहुत अच्छे से गुजर रहा है। इसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन जैसे बेसहारों का सहारा बन गई है प्रधानमंत्री आवास योजना।
यूपी हादसा: 4 बच्चे चढ़े टंकी पर, 3 गिरे; 2 का हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू
2025-26 में ED का एक्शन मोड: हजारों रेड, पर कम हुई गिरफ्तारियां
बरगी क्रूज त्रासदी: "हमें भीख नहीं इंसाफ चाहिए", अपनों को खोने वालों का फूटा गुस्सा; अब तक 13 शव बरामद
बरगी बांध हादसा: विमान में खराबी से 4 घंटे एयरपोर्ट पर रुका शव
नए SP अनुराग सुजानिया: किन जिलों में कर चुके हैं सेवा, अब सागर में जिम्मेदारी
नतीजों से पहले सियासी संग्राम, BJP बोली—ममता की हार तय
राहुल गांधी केस में सावरकर मुद्दा फिर गरमाया, गवाही में बड़े खुलासे
युद्ध या समझौता: मझधार में फंसे डोनाल्ड ट्रंप
भारत-इक्वाडोर संबंधों में नई मजबूती, दवा से डिजिटल तक समझौते
आज का बड़ा मुकाबला: PBKS vs GT, हेड टू हेड आंकड़े क्या कहते हैं