धनबाद में अवैध कोयला खदान धंसी, 9 मजदूरों की मौत, पहले भी हो चुका है हादसा
झारखंड के धनबाद जिले में अवैध खनन के दौरान बड़ा हादसा हुआ है. यहां कोयला खदान में अवैध खनन के दौरान चाल धंसने से कारण 9 मजदूरों की मौत हो गई. हादसा बाघमारा थाना इलाके के जमुनिया में हुआ. मौके पर राहत और बचाव का काम किया जा रहा है. हादसे में मारे गए मजदूरों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है. इस हादसे के बाद इलाके में मचा हड़कंप मचा हुआ है.
जदयू विधायक सरयू राय ने एक्स पर एक पोस्ट कर कहा कि बाघमारा,धनबाद के जमुनिया नामक स्थान पर अवैध खनन के दौरान चाल धंसने से 9 मजदूरों की मौत हो गई है. अवैध खनन माफिया मृतकों का शव निपटाने में लगे हैं. इसकी सूचना मैंने धनबाद के एसएसपी को दे दी है. प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, चुनचुन नामक खनन माफिया प्रभावशाली संरक्षण में अवैध खनन करा रहा था.
बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता ने भी दी प्रतिक्रिया
इस हादसे पर पर बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने भी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि ऐसी जानकारी मिल रही है कि धनबाद के बाघमारा में अवैध खनन ने लोगों की जान ले ली है. इस सरकार में राज्य में अवैध खनन चरम पर है. इस अवैध खनन के कारण धनबाद में लगातार चाल धंस रही हैं. निरसा हो, तेतुलमारी हो या कालूबथान, लगातार मजदूरों की मौत हो रही है. आज 9 मजदूरों की मौत होने की दुखद खबर आ रही है.
उन्होंने आगे कहा कि हम इस मामले की सीबीआई जांच की मांग करते हैं, क्योंकि ये राज्य सरकार द्वारा की गई संस्थागत हत्याएं हैं. ये कोई साधारण मौतें नहीं हैं. राज्य सरकार को पता है कि उस इलाके में अवैध खनन हो रहा है, लेकिन खनन माफियाओं के कारण अवैध खनन को लेकर कोई कार्रवाई नहीं होती, तो ये हत्याएं ही हैं. संबंधित थाना प्रभारी और पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई होनी चाहिए. हालांकि ऐसा पहली बार नहीं हुआ है कि अवैध खनन के चलते मौतें हुई हों. पहले भी इस तरह के हादसे हुए हैं.
15 दिन पहले भी हुआ था ऐसा हादसा
15 दिन पहले 5 जुलाई को झारखंड के रामगढ़ जिला अंतर्गत कुजू थाना क्षेत्र स्थित सीसीएल के करमा परियोजना की खुली खदान में अवैध माइनिंग के दौरान चाल धंसने चार लोगों की मौत हो गई थी, जबकि चार लोग घायल हुए थे. रामगढ़ में सेंट्रल कोलफील्ड लिमिटेड के करमा परियोजना में अवैध माइनिग के दौरान चारों मृतकों की पहचान निर्मल मुंडा, वकील करमाली, इम्तियाज खान और रामेश्वर माझी के रूप में की गई थी.
दरअसल, रामगढ़ के कुजू थाना क्षेत्र अंतर्गत महुआटुंगरी से सटे सीसीएल के करमा परियोजना की खुली खदान में ग्रामीणों के द्वारा अवैध रूप से कोयला निकालने का काम किया जा रहा था. इसी दौरान यह हादसा हुआ था और चार लोगों की चाल धसने के कारण मलबे में दबकर मौत हुई थी.
स्वच्छता, स्वास्थ्य और जनसुविधा से जुड़ी समस्याओं में कोताही बर्दाश्त नहीं करेंगे : ऊर्जा मंत्री तोमर
मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध शराब के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
राज्यपाल रमेन डेका ने जल संरक्षण और जनकल्याण पर दिया जोर
गोद में उठाया, चश्मा पहनाया : भैंसामुड़ा में दिखा मुख्यमंत्री का आत्मीय रूप
एमपी ट्रांसको ने जुलवानिया सब स्टेशन में ऊजीकृत किया 40 एमवीए क्षमता का ट्रांसफार्मर : ऊर्जा मंत्री तोमर
नये मध्यप्रदेश का मार्वलस माइलस्टोन साबित होगा इन्दौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
स्वरोजगार की राह पर बढ़ते कदम: मुख्यमंत्री ने RSETI में देखा ग्रामीण सशक्तिकरण का मॉडल
जब मुख्यमंत्री उतरे मैदान में: सुशासन तिहार में बच्चों संग खेला क्रिकेट, बढ़ाया हौसला
किसानों को उनका वैभव लौटाने का लिया गया है संकल्प : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महू में विद्यार्थियों को प्लेसमेंट प्रमाण-पत्र किए वितरित