ट्रंप ने फिर दी गाजा पर सैन्य कार्रवाई की चेतावनी, बोले– ‘अगर हमास नहीं माने तो कार्रवाई तय’
नई दिल्ली। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के 19 बंधकों के शवों की वापसी के मुद्दे पर कोई समझौता न करने वाले बयान के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने हमास को चेतावनी दी है। ट्रंप ने कहा, हमास अगर सभी बंधकों के शव इजरायल को वापस नहीं करता है तो वह इजरायल को सैन्य कार्रवाई फिर से शुरू करने के लिए ग्रीन लाइट दिखा देंगे।
विदित हो कि ट्रंप की शांति योजना के तहत 10 अक्टूबर को गाजा पट्टी पर इजरायल के हमले बंद हो गए थे। इसके 72 घंटे के भीतर हमास को सभी जीवित 20 बंधक और 28 बंधकों के शव इजरायल को देने थे लेकिन अभी तक 19 शव नहीं दिए गए हैं। ट्रंप का बयान इसलिए भी मायने रखता है क्योंकि गुरुवार को नेतन्याहू के बयान के बाद इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने गाजा में नियुक्त सैन्य कमांडरों को हमले फिर से शुरू करने की योजना बनाने के निर्देश दिए थे।
हमास ने क्या कहा?
हमास ने कहा है कि बंधकों के शव उन सुरंगों में हो सकते हैं जो इजरायली हमलों के कारण नष्ट हो गई हैं। ये सुरंगें जमीन से काफी नीचे थीं और उनमें कुछ इजरायली बंधक जीवित अवस्था में रखे गए थे और कुछ बंधकों के शव थे। लेकिन इजरायली हमलों में जीवित बंधक भी मारे गए। इसलिए खोदाई करके शवों के अवशेष निकालने के लिए विशेष उपकरणों की जरूरत होगी और उसमें समय भी लगेगा।
हमास ने कहा है कि कुछ बंधकों के शव इजरायली सेना के नियंत्रण वाले इलाकों में भी हैं। हमास ने कहा है कि शवों के न मिलने तक इजरायली प्रधानमंत्री ने राहत सामग्री की आपूर्ति रोकने की बात कही है। नेतन्याहू का यह कदम राजनीतिक लाभ के लिए मानवीय जरूरतों को पूरा करने में अड़ंगा डालने वाला है।
हमास ने मध्यस्थों से गाजा में पर्याप्त खाद्य सामग्री की आपूर्ति सुनिश्चित करवाने का अनुरोध किया है। रफाह सीमा को वाहनों के आवागमन के लिए खोले जाने के लिए कहा है जिससे घरों, अस्पतालों और स्कूलों की मरम्मत के लिए आवश्यक सामग्री आ सके।
संयुक्त राष्ट्र ने इस बात की जताई आशंका
इस बीच संयुक्त राष्ट्र ने गाजा पट्टी के कई इलाकों में सड़कें पूरी तरह से खत्म हो जाने, मलबे से रास्ता रुका होने और सीमा पर रोके जाने से राहत सामग्री न पहुंचने की बात कही है। इससे गाजा में भूख से मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई है।
Gangtok में PM का अलग अंदाज, युवाओं संग फुटबॉल खेलकर जीता दिल
जनगणना के चलते Bhopal में कलेक्टर का बड़ा आदेश, अवकाश रद्द
‘जय महाकाली’ vs ‘जय श्रीराम’: बंगाल की सियासत में नया मोड़
वाराणसी/यूपी में खौफनाक घटना, गुस्साई भीड़ ने युवक पर किया हमला
इंदौर में छापेमारी का बड़ा अभियान, होटल-हॉस्टल संचालकों में हड़कंप
पीएम मोदी का काशी दौरा: इंफ्रास्ट्रक्चर से लेकर विकास तक कई योजनाओं की सौगात
लुधियाना-आजमगढ़ रूट पर हादसा, तेज रफ्तार बस ने खोया संतुलन
लिव-इन रिलेशनशिप केस में Supreme Court of India की सख्त टिप्पणी, कहा- हालात समझना जरूरी