नाबालिग से प्रेम बना जेल की वजह, युवक पर POCSO के तहत कार्रवाई
बिलासपुर : नाबालिग अपहरण मामला एक बार फिर यह कड़वा सच सामने लाता है कि प्यार और भावनाओं में लिया गया गलत फैसला किस तरह पूरी जिंदगी तबाह कर सकता है। बिलासपुर जिले के रतनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम दोना सागर में रहने वाले 19 वर्षीय युवक सुमित कुमार यादव ने ऐसा ही कदम उठाया, जिसका नतीजा सीधे जेल तक जा पहुंचा।
जानकारी के अनुसार, सुमित का गांव की एक नाबालिग लड़की से कथित प्रेम संबंध था। युवक ने उसे सुनहरे भविष्य और शादी के सपने दिखाए, जबकि न तो उसकी उम्र शादी की थी और न ही लड़की बालिग थी। बावजूद इसके, दोनों घर से भाग गए। लड़की के अचानक लापता होने पर परिजनों ने रतनपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने नाबालिग अपहरण मामला गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच शुरू की। तकनीकी और स्थानीय जानकारी के आधार पर पता चला कि दोनों कोरबा जिले के पाली क्षेत्र में छिपे हुए हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर नाबालिग किशोरी को युवक के कब्जे से बरामद किया।
जांच में सामने आया कि युवक लड़की को जबरदस्ती भगा ले गया था और उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध भी बनाए थे। इस आधार पर पुलिस ने सुमित कुमार यादव के खिलाफ अपहरण, बलात्कार और POCSO एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया है।
यह नाबालिग अपहरण मामला युवाओं के लिए एक कड़ी चेतावनी है। कानून के अनुसार लड़की की शादी की न्यूनतम उम्र 18 वर्ष और लड़के की 21 वर्ष निर्धारित है। इससे पहले उठाया गया कोई भी कदम प्यार नहीं, बल्कि अपराध बन जाता है। इसलिए अगर सच्चा प्रेम है, तो कानून और उम्र का इंतजार करना ही समझदारी है, वरना भविष्य केवल पछतावे और सजा से भरा हो सकता है।
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