ब्राजील के सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, 'रंबल' पर राष्ट्रव्यापी रोक
ब्राजील के सर्वोच्च न्यायालय ने माइक्रो-ब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पुराना नाम ट्विटर) के बाद अब वीडियो-शेयरिंग प्लेटफॉर्म 'रंबल' पर कार्रवाई की है। 'रंबल' पर राष्ट्रव्यापी रोक लगा दी गई है। सुप्रीम कोर्ट के जज ने शुक्रवार को दक्षिण अमेरिकी राष्ट्र में वीडियो-शेयरिंग प्लेटफॉर्म रंबल को निलंबित करने का आदेश दिया। फैसला अदालत के आदेशों का पालन नहीं करने को लेकर सुनाया गया।
'रंबल ने बार-बार और जानबूझकर आदेश का पालन नहीं किया'
जस्टिस एलेक्जेंडर डी मोरेस ने गुरुवार को रंबल को ब्राजील में एक कानूनी प्रतिनिधि का नाम बताने के लिए 48 घंटे का समय दिया था, लेकिन उन्हें कोई जवाब नहीं मिला है। जज ने कहा कि रंबल ने बार-बार और जानबूझकर आदेश का पालन नहीं किया है। उसने ब्राजील के कानूनी आदेश और न्यायपालिका के अधीन नहीं होने की कोशिश की है।
कोर्ट ने रंबल पर उठाए सवाल
उन्होंने कहा कि रंबल ने जिन फैसलों को नजरअंदाज किया है, उनमें से एक है ब्राजील के कानून के भगोड़े एलन डॉस सैंटोस का अकाउंट हटाना। वह 2020 से संयुक्त राज्य अमेरिका में रह रहा है और पूर्व राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो का कट्टर समर्थक है। डी मोरेस ने अपने फैसले में कहा कि ब्राजील के क्षेत्र में रंबल इंक के प्रतिनिधित्व की नियमितता का कोई सबूत नहीं है।
रंबल ने भी बयान जारी किया
इस बीच रंबल ने एक बयान में कहा कि उसे ब्राजील में अभूतपूर्व सेंसरशिप का सामना करना पड़ रहा है। डी मोरेस की ओर से सुनाया गया निलंबन का फैसला संयुक्त राष्ट्र अमेरिका में रहने वाले राजनीतिक असंतुष्टों को सेंसर करने से हमारे इनकार के जवाब में आई है। कंपनी ने कहा कि वह कार्रवाई से लड़ने के लिए सभी कानूनी रास्ते तलाश रही है।
'एक्स' पर भी की थी कार्रवाई
डी मोरेस वही न्यायाधीश हैं, जिन्होंने बीते अगस्त में दुनिया के सबसे अमीर शख्सों में शामिल एलन मस्क के 'एक्स' प्लेटफॉर्म पर इसी तरह के कारणों से प्रतिबंध लगाया था। न्यायाधीश ने यह भी फैसला सुनाया कि 'एक्स' तब तक निलंबित रहेगा] जब तक कि वह उनके आदेशों का पालन नहीं करता। उन्होंने वर्चुअल प्राइवेट नेटवर्क या VPN का उपयोग करके इसे एक्सेस करने वाले लोगों या कंपनियों के लिए प्रतिदिन 50,000 रीसिस ($8,900) का जुर्माना भी निर्धारित किया था।
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